नागपुर न्यूज डेस्क: नागपुर समेत देश के छह केंद्रों पर AI Engineering Services Limited (AIESL) के एयरक्राफ्ट टेक्नीशियंस और इंजीनियर्स पिछले तीन दिनों से हड़ताल पर हैं, जिससे विमानों की मेंटेनेंस और तकनीकी सेवाएं प्रभावित हुई हैं। कर्मचारियों का आरोप है कि कंपनी इस्तीफा देने वाले कर्मचारियों को रिलीविंग लेटर और एनओसी देने से इनकार कर रही है, जबकि उन्होंने नोटिस पीरियड सहित सभी शर्तों का पालन किया है।
जानकारी के मुताबिक नागपुर के हर्ष चौरासिया, दिवाकर पांडे, अतनू सेन और शशि कुमार समेत देशभर के करीब 180 कर्मचारियों ने कंपनी से इस्तीफा दिया था। कर्मचारियों का कहना है कि तय प्रक्रिया पूरी करने के बावजूद प्रबंधन बिना कोई स्पष्ट कारण बताए उनके इस्तीफे स्वीकार नहीं कर रहा है। इस मामले में उपमुख्य श्रम आयुक्त सुवाप्रियादर्शिनी मुथुपंडी ने 7 मई 2026 को कंपनी को पत्र लिखकर कहा था कि कर्मचारियों को नौकरी छोड़ने का संवैधानिक अधिकार है।
इसी बीच प्रशांत कुमार और सूरज कुमार नाम के दो कर्मचारियों को नौकरी से निकाल दिए जाने के बाद कर्मचारियों में नाराजगी और बढ़ गई। इसके विरोध में कर्मचारियों ने काम बंद आंदोलन शुरू कर दिया। आंदोलन कर रहे कर्मचारियों ने कंपनी पर अकुशल कर्मचारियों से विमान रखरखाव का काम करवाने का गंभीर आरोप लगाया है।
कर्मचारियों का कहना है कि बढ़ती विमान दुर्घटनाओं के बीच तकनीकी कार्यों में अनुभवहीन लोगों की तैनाती यात्रियों की सुरक्षा के लिए खतरा बन सकती है। मामले की गंभीरता को देखते हुए AIESL मुख्यालय ने पूरे घटनाक्रम की रिपोर्ट तलब की है। फिलहाल प्रबंधन और कर्मचारियों के बीच गतिरोध जारी है, जिससे विमान सेवाओं पर असर पड़ने की आशंका बढ़ गई है।