बारिश के लिए तरसा इलाका, सूखने लगीं खरीफ फसलें; किसान परेशान

Photo Source : Google

Posted On:Wednesday, August 26, 2026

नागपुर न्यूज डेस्क: तालुका क्षेत्र में बारिश ने मुंह मोड़ लिया है, जिससे खरीफ फसलों की हालत बेहद खराब हो गई है। खेतों में पानी के स्रोत सूख चुके हैं और फूल आने के समय सोयाबीन व मूंग के फूल झड़ने लगे हैं। फसलों को जरूरी नमी नहीं मिलने से उनकी बढ़वार रुक गई है। खेतों में खड़ी फसलें सूखती देखकर किसानों की चिंता बढ़ गई है और पूरा इलाका सूखे के कगार पर पहुंचता नजर आ रहा है।

बुवाई की शुरुआत से ही बारिश का लुकाछिपी का खेल जारी है। किसानों ने छिटपुट बारिश के भरोसे सोयाबीन, बाजरा, अरहर, मूंग और चारे की फसलें बोई थीं। शुरुआत में हुई हल्की बारिश से फसलों को अच्छी बढ़त मिली और उनमें फूल आने लगे, जिससे किसानों की उम्मीदें भी बढ़ीं। लेकिन इसके बाद बारिश गायब हो गई और फूल आने के समय ही फसलों को पानी की भारी कमी का सामना करना पड़ रहा है।

बारिश के तीन महीने बीतने को हैं, लेकिन तालुका के तालाब, बांध, नाले और नदी के पाट अब भी सूखे पड़े हैं। सीना, शुढ़ला, केल और खारोली समेत ज्यादातर नदियों में पानी नहीं आया है। अगस्त खत्म होने को है, फिर भी 19 गांवों में टैंकर से पानी पहुंचाना पड़ रहा है। इससे आने वाले दिनों में पीने के पानी के साथ पशुओं और चारे की समस्या भी और गंभीर होने की आशंका है।

सोयाबीन, बाजरा, अरहर और चारे की फसलों को नुकसान होने से किसानों की आर्थिक स्थिति पर बड़ा असर पड़ सकता है। कर्ज लेकर और भारी खर्च के बाद तैयार की गई फसलों को अब किसानों के सामने सूखते देखने की मजबूरी है। खरीफ सीजन संकट में आने से रबी की फसलों को लेकर भी चिंता बढ़ गई है। किसानों को अब सिर्फ अच्छी और जोरदार बारिश का इंतजार है।


नागपुर और देश, दुनियाँ की ताजा ख़बरे हमारे Facebook पर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें,
और Telegram चैनल पर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें



You may also like !

मेरा गाँव मेरा देश

अगर आप एक जागृत नागरिक है और अपने आसपास की घटनाओं या अपने क्षेत्र की समस्याओं को हमारे साथ साझा कर अपने गाँव, शहर और देश को और बेहतर बनाना चाहते हैं तो जुड़िए हमसे अपनी रिपोर्ट के जरिए. nagpurvocalsteam@gmail.com

Follow us on

Copyright © 2021  |  All Rights Reserved.

Powered By Newsify Network Pvt. Ltd.